Breaking News

पहली बार चुनाव जीते जिग्नेश भूले अपनी औकात, पीएम को कहा – हिमालय जाकर हडिड्यां गलाएं मोदी

नई दिल्ली। गुजरात चुनाव में इस बार काफी कुछ नया हुआ है, कई नए चेहरे विधानसभा में पहुंचे हैं, आंदोलन के दम पर अपनी हसियत बनाने के बाद सियासत में उतरे ये युवा अब भाषाई स्तर को काफी नीचे ले कर जा रहे हैं। कांग्रेस को समर्धन देने वाले दलित नेता और नए नए विधायक बने जिग्नेश मेवाणी ने प्रचार के दौरान पीएम मोदी पर आपत्तिजनक बयान दिया था। उनके अलावा अल्पेश ठाकोर ने भी कहा था कि पीएम मोदी पहले काले थे, लेकिन वो अब लाल हो गए हैं, ऐसा इसलिए क्योंकि वो 4 लाख रूपये का मशरूम खाते हैं, इस बयान पर जिग्नेश की सोशल मीडिया पर जमकर फिरकी ली गई थी। अब जबकि चुनाव खत्म हो गए हैं तो एक बार फिर से जिग्नेश की जुबान से ऐसा बयान निकला है जो राहुल गांधी के लिए मुश्किल खड़ी कर देगा।

जिग्नेश मेवाणी ने कहा कि गुजरात में कांग्रेस की नैतिक जीत हुई है, बीजेपी भले जीत गई लेकिन उसे गुजरात की जनता ने करारा जवाब दिया है। ये नई तरह की राजनीति है, जहां हार को जीत बताया जा रहा है और जीतने वाले से कहा जा रहा है कि सुधरो, खैर कांग्रेस और उसके समर्थित नेता चाहे जो कहें लेकिन सच्चाई तो यही है कि हार उनकी हुई है। उसे स्वीकार करने के बजाय नैतिक जीत की बात कह कर खुद को खुश कर रहे हैं। जिग्नेश ने इसके बाद मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि वो बुड्ढे हो गए हैं, उनको हिमालय जा कर अपनी हड्डियां गलानी चाहिए, जो हाल उनका गुजरात में किया है वही हाल 2019 में भी किया जाएगा।

क्या जिग्नेश ये कहना चाहते हैं कि जिस तरह से गुजरात में बीजेपी जीती है उसी तरह से 2019 में भी बीजेपी की जीत होगी और वो कांग्रेस की हार को नैतिक जीत बताएंगे। अपनी जुबान पर कंट्रोल नहीं है और बातें नैतिकता की करने वाले इन नेताओं को शायद ये नहीं पता कि उनके बयान से उनके आका राहुल गांधी को कितनी परेशानियों का सामना करना पड़ेगा। बीजेपी ने तो इस बयान को मौका समझ कर फौरन लपक लिया है। बीजेपी ने कहा कि कांग्रेस और राहुल गांधी की संगत के कारण ही जिग्नेश इस तरह के बयान दे रहे हैं। मगर अभी तक नैतिकता की बात करने वाले राहुल के नेता जिग्नेश के इस बयान का बचाव कर रहे हैं। राज बब्बर ने कहा कि जो रास्ता पीएम मोदी दिखा रहे हैं उसी पर ये युवा चल रहे हैं।

Loading...

जिग्नेश ने एक ऐसी बहस को जन्म दे दिया है जो उनकी राजनीति को कुछ दिनों के लिए चमका सकती है लेकिन आने वाले समय में उनको नुकसान होगा। आरजेडी ने भी कहा कि इस तरह की भाषा का प्रयोग नहीं होना चाहिए. वहीं नरेश अग्रवाल ने कहा कि ये नए लड़के हैं जो राजनीति में आए हैं, इनको ये नहीं पता कि क्या कहना चाहिए और क्या नहीं कहना चाहिए। इनको सोचना चाहिए कि उनके एक बयान से सियासी हंगामा हो सकता है। वहीं बीजेपी सांसद परेश रावल ने कहा कि जिग्नेश मेवाणी जैसे लोग ही बोलने की आजादी की बात करते हैं औऱ कुछ भी बोल देते हैं, इस देश में किसी को कुछ भी बोलने की आजादी है और ये वही बोल रहे हैं। जिग्नेश ने अपने बयान से राहुल के लिए मुसीबत खड़ी कर दी है. जो बार बार ये कह रहे हैं कि मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक शब्दों का प्रयोग ना किया जाए। देखना है कि इस बयान पर राहुल क्या कहते हैं।

Loading...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *