Breaking News

……….‘जेडीयू’ का बीजेपी से गठबंधन रद्द, फिर होगा महागठबंधन!

नई दिल्‍ली। बिहार के मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार को अपने ही साथियों से तगड़ा झटका लगा है। दरअसल हाल ही में बिहार के सीएम नी‍तीश कुमार ने महागठबंधन तोड़कर बीजेपी का दामन थामा था। लेकिन अब ना नीतीश कुमार ‘जेडीयू’ के अध्‍यक्ष रहे और ना ही ‘जेडीयू’ का बीजेपी से कोई नाता रह गया।

आपको बता दें कि नीतीश कुमार के महागठबंधन तोड़कर बीजेपी के साथ जाने के फैसले के बाद जेडीयू दो गुटों में बंट गई थी। एक गुट के अध्‍यक्ष नीतीश कुमार तो दूसरे गुट को शरद यादव का माना जा रहा था। दोनों गुट पार्टी पर अपना दावा पेश करते हुए चुनाव आयोग तक पहुंच गए थे। लेकिन बाद में चुनाव आयोग ने नीतीश गुट को आधिकारिक जेडीयू माना था।

हालांकि इस सबके बाद भी शरद यादव वाला जेडीयू अभी भी हार मानने को तैयार नहीं है। जेडीयू के शरद यादव गुट ने रविवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को पार्टी अध्यक्ष पद से हटा दिया। जेडीयू कार्यकारिणी की बैठक में नीतीश को अध्यक्ष पद से हटाकर गुजरात से पार्टी विधायक छोटू भाई वसावा को कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त किए जाने का फैसला लिया गया।

यही नहीं, इसके साथ ही कार्यकारिणी की बैठक में नीतीश कुमार गुट द्वारा लिए गए सभी फैसलों को भी रद्द कर दिया गया, जिसमें महागठबंधन तोड़कर बीजेपी के साथ गठजोड़ करने का फैसला भी शामिल है। शरद गुट के जदयू नेता अरुण कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि बैठक में देशभर से जुटे जेडीयू नेताओं ने नीतीश गुट द्वारा बीजेपी से गठजोड़ करने को जनादेश का अपमान बताते हुए इस फैसले को रद्द कर दिया है।

Loading...

इसके साथ ही श्रीवास्तव ने यह भी बताया कि बैठक में पार्टी की दिल्ली और उत्तर प्रदेश सहित 19 राज्य इकाइयों के अध्यक्षों और अन्य वरिष्ठ पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया। साथ ही उन्होंने दावा किया कि शरद गुट ही वास्तविक जेडीयू है।

वहीं जेडीयू के पूर्व अध्यक्ष शरद यादव को महागठबंधन बहाल करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। श्रीवास्तव ने शरद यादव की भविष्य की भूमिका के सवाल पर बताया कि उन्हें समाजवादी विचारधारा वाले दलों को साझी विरासत अभियान के माध्यम से एक मंच पर लाने और महागठबंधन को प्रभावी स्वरूप में गठित करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

Loading...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *